Showing posts with label लोकसभा चुनाव. Show all posts
Showing posts with label लोकसभा चुनाव. Show all posts

Thursday, April 18, 2024

भाजपा का संकल्प पत्र 2024 जारी


डॉ. सौरभ मालवीय 
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने अपने व्यक्तित्व एवं कृत्तिव से भारतीय राजनीति में अपनी एक ऐसी पहचान स्थापित की है जिसका कोई अन्य उदाहरण दिखाई नहीं दे रहा है। उन्होंने भाजपा को निरंतर दस वर्ष केंद्र की सत्ता में बनाए रखा। भाजपा की प्राय: सभी पुरानी घोषणाओं विशेषकर अयोध्या में राम जन्मभूमि पर राम मंदिर का निर्माण, जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 को हटाने, नागरिक संशोधन अधिनियम, तीन तलाक, लोकसभा एवं राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को एक तिहाई सीटों पर आरक्षण देने आदि को पूर्ण करके यह सिद्ध कर दिया है कि भाजपा की कथनी एवं करनी में कोई अंतर नहीं है। इसीलिए भाजपा ने लोकसभा चुनाव 2024 के घोषणा पत्र को ‘भाजपा का संकल्प मोदी की गारंटी 2024’ नाम से जारी किया है। इस संकल्प पत्र की एक विशेष बात यह भी है कि इसमें भाजपा ने जनता से कोई लुभावना वादा नहीं किया है। भाजपा का संपूर्ण ध्यान जनता को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवाने एवं विकास पर है। इसमें स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार एवं विकास पर विशेष बल दिया गया है। वास्तव में यह संकल्प पत्र युवाओं, महिलाओं, किसानों एवं निर्धन वर्ग पर केंद्रित है।

भाजपा द्वारा इस संकल्प पत्र में जनता को मोदी की गारंटी दी गई है। गरीब परिवारों की सेवा- मोदी की गारंटी, मध्यम-वर्ग परिवारों का विश्वास, नारी शक्ति का सशक्तिकरण, युवाओं को अवसर, वरिष्ठ नागरिकों को वरीयता, किसानों का सम्मान, मत्स्य पालक परिवारजनों की समृद्धि, श्रमिकों का सम्मान, एमएसएमई, छोटे व्यापारियों और विश्वकर्माओं का सशक्तिकरण, सबका साथ सबका विकास, विश्व बंधु भारत,  सुरक्षित भारत, समृद्ध भारत, ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग हब बनेगा भारत, विश्वस्तरीय इन्फ्रास्ट्रक्चर, ईज ऑफ लिविंग, विरासत भी विकास भी, सुशासन, स्वस्थ भारत, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, खेल के विकास, सभी क्षेत्रों के समग्र विकास, तकनीक एवं नवाचार तथा पर्यावरण अनुकूल भारत- मोदी की गारंटी सम्मिलित है।

इसमें दो मत नहीं है कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र ने भाजपा की वे पुरानी घोषणाओं को पूर्ण किया, जिन्हें पूर्व की सरकारों ने विवादास्पद बना रखा था। वे सरकारें इन विषयों को स्पर्श भी नहीं कर पा रही थीं। उन्हें लगता था कि ऐसा करने से उनका ‘वोट बैंक’ उनसे छिन जाएगा। शाहबानो प्रकरण में कांग्रेस पीड़ित वृद्ध महिला का साथ देने की बजाय उसके पति के साथ खड़ी हो गई। यद्यपि उसने अपनी वृद्ध पत्नी पर अत्याचार करते हुए उसे तीन तलाक देकर घर से निकाल दिया था। कट्टरपंथियों के दबाव में कांग्रेस झुक गई। परिणामस्वरूप तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी ने संसद में विधेयक पास करवाकर शाहबानो जैसी महिलाओं के लिए समस्याएं खड़ी कर थीं। किन्तु यह श्री नरेंद्र मोदी का दृढ़ संकल्प ही था कि उन्होंने मुस्लिम महिलाओं को तीन तलाक के अभिशाप से छुटकारा दिलाने के लिए कानून बनाया। उन्होंने ऐसे अनेक कड़े निर्णय लिए। वे किसी भी दबाव के आगे नहीं झुके. इसमें तनिक भी संदेह नहीं है कि श्री नरेंद्र मोदी जैसा मजबूत प्रधनामंत्री ही देश को आगे लेकर जा सकता है।

अभी देश में ‘समान नागरिक संहिता’ लागू करने का प्रकरण लंबित है। इस संकल्प पत्र के सुशासन की मोदी की गारंटी के द्वितीय बिंदु में कहा गया है कि भारत के संविधान के अनुच्छेद 44 में समान नागरिक संहिता राज्य नीति के निर्देशक सिद्धांतों के रूप में दर्ज की गई है। भाजपा का मानना है कि जब तक भारत में समान नागरिक संहिता को अपनाया नहीं जाता, तब तक महिलाओं को समान अधिकार नहीं मिल सकता। भाजपा सर्वश्रेष्ठ परंपराओं से प्रेरित समान नागरिक बनाने के लिए प्रतिबद्ध है, जिसमें उन परंपराओं को आधुनिक समय की जरूरतों के मुताबिक ढाला जाए।
इसमें तनिक भी संदेह नहीं है कि यदि भाजपा को तृतीय बार केंद्र में सत्ता में आने का अवसर मिल जाता है तो वह अपने इन वादों को भी पूर्ण करेगी।          
        
भाजपा ने कहा है कि हमारा सुशासन का मूल मंत्र है। हमने पिछले दशक में अपनी नीतियों, तकनीकी के उपयोग और सरल प्रक्रियाओं के माध्यम से देश में सुशासन के नए आयाम कायम किए हैं। हम नागरिक और सरकार के बीच संबंध को निरंतर बेहतर बनाने के लिए संस्थागत सुधार करते रहेंगे और तकनीकी के सही उपयोग से सभी प्रक्रियाओं को सरल बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहेंगे। 

इस संकल्प पत्र में मोदी के दस वर्ष के शासनकाल में हुए कार्यों का आंकड़ों के साथ उल्लेख किया गया है। यद्यपि कोई भी सरकार अपनी पिछले पांच वर्षों के कार्यकाल की उपलब्धियों का उल्लेख करती है, परंतु भाजपा ने दस वर्षों के कार्यों का उल्लेख किया है। भाजपा अपने चुनाव प्रचार में दस वर्ष की उपलब्धियों के आधार पर ही जनता से समर्थन मांग रही है।  

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि पिछले दस साल में हमने समय के हर पल को जनकल्याण के लिए समर्पित करने का प्रयास किया है। पिछले एक दशक में देश आमूलचूल बदलावों का साक्षी बना है। एक तरफ देश तेजी से प्रगति के पथ पर बढ़ा है तो वहीं देशवासियों के मन में भी एक सकारात्मक बदलाव हुआ है। बड़े लक्ष्य तय करके उसे हासिल करने की धारणा मजबूत हुई है। उन्होंने दावा किया कि पिछले दस साल में हम ‘फ्रेजाइल-5’  अर्थव्यवस्था से ‘टॉप-5 अर्थव्यवस्था’ बन चुके हैं। देश के अर्थतंत्र में हुए इस बदलाव का सबसे बड़ा लाभ उन देशवासियों को मिला है, जो वाकई जरूरतमंद हैं। इस बदलाव का सबसे बड़ा लाभ समाज के गरीब, वंचित और मध्यम वर्ग को मिला है। सबका साथ-सबका विकास, सबका विश्वास-सबका प्रयास केवल हमारा नारा ही नहीं, बल्कि हमारी प्रतिबद्धता है। 

उन्होंने कहा कि पिछले दस वर्षों में 25 करोड़ लोग गरीबी से बाहर निकले हैं। दशकों से बुनियादी जरूरतों की पूर्ति से वंचित रहे इन 25 करोड़ लोगों का जीवन स्तर बहुत बेहतर हुआ है। यह गरीबों के खिलाफ हमारी लड़ाई की जीत है। आज ऐसे लोगों तक न सिर्फ आवास, गैस कनेक्शन, शौचालय की सुविधाएं पहुंच रही हैं, बल्कि उससे कहीं आगे नए दौर के ऑप्टिक फाइबर कनेक्शन, डिजिटल समाधान और ड्रोन तकनीक इत्यादि भी इनके अपने हाथों में है।   

देश में पिछले 10 साल में हुए सामाजिक-आर्थिक बदलावों का लाभ हमारी महिला, किसान, मछुआरा समाज, रेहड़ी-पटरी वेंडर्स, छोटे कारोबारियों तथा एससी, एसटी और ओबीसी को मिला है। तकनीक के माध्यम से ये वर्ग लाभान्वित भी हो रहे हैं और सशक्त भी। जनधन-आधार-मोबाईल ट्रिनिटी के कारण इनका लाभांश सीधे इन्हें बिना किसी बिचौलिए के मिलना संभव हुआ है।

उन्होंने युवाओं का उल्लेख करते हुए कहा है कि देश के विकास में हमारी युवाशक्ति की भूमिका बहुत बड़ी है। भारत के युवा ने न सिर्फ बड़े सपने देखने की हिम्मत की है, बल्कि अन्तरिक्ष, खेल और स्टार्ट-अप जैसे विभिन्न क्षेत्रों में बड़े सपने साकार करने के लिए भी उत्कृष्ट कार्य किया है। पिछले दस वर्षों में चाहे शिक्षा हो, रोजगार हो या उद्यमिता हो, हमारे युवाओं के लिए करोड़ों नए अवसर पैदा हुए हैं।  

वर्ष 2014 में जब केंद्र में भाजपा की सरकार बनी थी, उसी समय भाजपा ने 2047 को अपना लक्ष्य बना लिया था। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि 2014 में हमें आपका आशीर्वाद और मिला समर्थन मिला तो हम इन बड़े बदलावों को कर पाए। 2019 में पहली बार से बड़ा जनादेश मिला तो विकास की गति और तेजी से आगे बढ़ी। बड़े-बड़े निर्णय लिए गये। आपका आशीर्वाद लेकर अगले पांच साल हम 24 घंटे 2047 के लिए संघर्ष करेंगे, ये मोदी की गारंटी है।     
वास्तव में भाजपा का यह संकल्प पत्र जन साधारण से जुड़ा हुआ है. इसलिए इसमें कही गई बातें लोगों को प्रभावित अवश्य करेंगी.    
(लेखक- लखनऊ विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग में एसोसिएट प्रोफेसर हैं) 

Thursday, April 4, 2024

महिला मतदाता निर्णायक भूमिका : मोदी और महिला सशक्तिकरण


-डॉ. सौरभ मालवीय 
 2024 लोकसभा चुनाव सिर पर है। इस बार भी चुनाव में महिला मतदाता निर्णायक भूमिका में रहेंगी। इसलिए  भारतीय जनता पार्टी विकास के मुद्दे के साथ- साथ महिला सशक्तिकरण को लेकर चुनाव प्रचार कर रही है। 
भारतीय जनता पार्टी को पूर्ण आशा है कि उसे महिलाओं का भरपूर सहयोग प्राप्त होगा। इसके अनेक कारण हैं। वास्तव में प्रधानमंत्री नरेन्द्र  मोदी ने अपने दस वर्ष के शासन काल में महिला सशक्तिकरण के लिए अनेक उल्लेखनीय कार्य किए हैं। उन्होंने न केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कार्य किए, अपितु उनके मान- सम्मान को भी विशेष महत्त्व दिया। वे दावे से कहते हैं कि महिलाओं की सुरक्षा, सुविधा और सशक्तिकरण - ये मोदी की गारंटी है। उनका कहना है कि मोदी ने बहन- बेटियों को लोकसभा और विधानसभा में आरक्षण की गारंटी दी थी। वह पूर्ण हो चुकी है। मोदी ने मुस्लिम बहनों को तीन तलाक की कुरीति से मुक्ति दिलाने की गारंटी भी दी थी। ये गारंटी भी मोदी ने पूर्ण की है। 

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के महिला सशक्तिकरण के कार्यों में नारी शक्ति वंदन अधिनियम का नाम प्रमुख है। भारतीय जनता पार्टी की सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए सदैव से ही प्रतिबद्ध रही है। मोदी सरकार ने समय- समय पर दोहराया है कि उनकी सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए हरसंभव प्रयास करेगी। नारी शक्ति वंदन अधिनियम इसी प्रयास का ही परिणाम है। सितम्बर 2023 पारित यह विधेयक लोकसभा, राज्य विधानसभाओं और दिल्ली विधानसभा में महिलाओं के लिए एक तिहाई सीटें आरक्षित करता है। इसके पारित होने से महिलाओं की एक लम्बित मांग पूर्ण हुई है। इस विधेयक को लेकर विपक्षी दलों ने केवल टाल- मटोल का व्यवहार ही किया था। उन्होंने इस विधेयक को लेकर केवल महिलाओं के वोट हथियाने का ही प्रपंच रचा। उन्होंने इस संबंध में कभी गंभीरता से कार्य नहीं किया। किन्तु प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने इस विधेयक के संबंध में पूर्ण निष्ठा एवं गंभीरता से कार्य किया तथा इसे पारित करवाया। इसी प्रकार बिना किसी भेदभाव के मुस्लिम महिलाओं के हित में भी निर्णय लेते हुए उन्हें तीन तलाक की कुरीति से मुक्ति दिलवाई। इस पर भी उन्हें निशाना बनाया गया, परन्तु उन्होंने किसी की नहीं सुनी और मुस्लिम बहनों के हित में निर्णय लिया। इन सब निर्णयों के कारण ही महिलाओं में मोदी सरकार विशेषकर श्री नरेन्द्र मोदी के प्रति विश्वास बढ़ा है। इसीलिए उन्हें महिलाओं का भरपूर जनसमर्थन प्राप्त होता रहा है। 

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का मानना है कि भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए नारी शक्ति को अधिक से अधिक अवसर देना अत्यंत आवश्यक है। भाजपा सरकार के प्रयास से आज देश के प्रत्येक क्षेत्र में महिलाओं के लिए नए रास्ते बन रहे हैं। मोदी सरकार महिलाओं के लिए स्वास्थ्य, शिक्षा एवं रोजगार आदि से संबंधित अनेक योजनाएं संचालित कर रही है। महिलाओं को खुले में शौच से मुक्ति दिलाने के लिए युद्धस्तर पर शौचालयों का निर्माण करवाया जा रहा है। इससे एक ओर महिलाओं को मान मिल रहा है, दूसरी ओर उन्हें अपराधों से भी मुक्ति मिल रही है। महिलाएं शौच के लिए अंधेरे में ही निर्जन स्थानों पर जाती हैं। ऐसी परिस्थिति में वे अपराधी तत्वों का शिकार बन जाती हैं। इसके अतिरिक्त समय पर नित्य कर्म से न निपटने के कारण वे अनेक रोगों की भी चपेट में आ जाती हैं। किन्तु शौचालयों के निर्माण से उन्हें इस समस्या से छुटकारा मिल रहा है। आवास एवं शहरी कार्य मंत्री श्री हरदीप सिंह पुरी के अनुसार देश में विगत नौ वर्षों में 12 करोड़ शौचालय बनाए गए हैं, जिससे देश को खुले में शौच के अभिशाप से मुक्ति मिली है। 

वास्तव में मोदी सरकार महिलाओं के हित के अनेक कार्य कर रही है। वह उनकी प्रत्येक छोटी से छोटी बात का भी ध्यान रख रही है। महिलाओं का स्वप्न होता है कि उनका भी अपना निजी मकान हो। इस बात को ध्यान में रखते हुए मोदी सरकार निर्धन लोगों को पक्के आवास उपलब्ध करवा रही है। इनके पंजीकरण में महिलाओं का नाम सम्मिलित किया जा रहा है। इसके कारण अब महिलाएं भी अपने घर की स्वामिनी बन रही हैं। उनका स्वयं के घर का स्वप्न पूर्ण हो रहा है। इतना ही नहीं मोदी सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी तीव्र गति से कार्य कर रही है। महिलाओं को रोजगार के लिए प्रशिक्षण दिया जा रहा है। प्रशिक्षित महिलाओं को स्वरोजगार अर्जित करने के लिए ऋण उपलब्ध करवाया जा रहा है। इससे वे कुटीर उद्योग चालू कर रही हैं। जो महिलाएं सिलाई का कार्य जानती हैं तथा उनके पास सिलाई मशीन क्रय करने के लिए धन नहीं हैं उन्हें निशुल्क सिलाई मशीनें वितरित की जा रही हैं। ये महिलाएं अब घर पर ही सिलाई का कार्य करके धन अर्जित कर रही हैं। आत्मनिर्भरता के कारण उनका आत्मविश्वास भी बढ़ा है। अब वे अपनी इच्छा से अपना धन व्यय कर रही हैं। उनके जीवन यापन की शैली में परिवर्तन आया है। यह सब प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र  मोदी की महिला हितैषी योजनाओं का ही परिणाम है। 

प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी कहते हैं कि भारत की नारी शक्ति, विकसित भारत की एक सशक्त स्तंभ है। भारत की नारी शक्ति की आर्थिक शक्ति बढ़े, इसके लिए बीते दस वर्षों में बीजेपी सरकार ने निरंतर कार्य किया है। जनधन योजना के अंतर्गत करोड़ों बहनों के बैंक खाते खोले हैं। इन दस वर्षों में देश में स्वयं सहायता समूह से जुड़ी महिलाओं की संख्या दस करोड़ को पार कर गई है। देश में दस वर्षों में बहनों के इन समूहों को स्वरोजगार के लिए आठ लाख करोड़ रुपए की सहायता बैंकों से दिलवाई गई है। 

श्री नरेन्द्र  मोदी ने मन की बात में कहा था कि आज देश में कोई भी क्षेत्र ऐसा नहीं है, जिसमें देश की नारी- शक्ति पीछे रह गई हो। एक और क्षेत्र, जहां महिलाओं ने अपनी नेतृत्व क्षमता का बेहतरीन प्रदर्शन किया है, वह है- प्राकृतिक खेती, जल संरक्षण और स्वच्छता। केमिकल से हमारी धरती माँ को जो कष्ट हो रहा है, जो पीड़ा हो रही है, जो दर्द हो रहा है - हमारी धरती माँ को बचाने में देश की मातृशक्ति बड़ी भूमिका निभा रही है। देश के कोने- कोने में महिलाएं अब प्राकृतिक खेती को विस्तार दे रही हैं। आज अगर देश में ‘जल जीवन मिशन’ के अंतर्गत इतना काम हो रहा है तो इसके पीछे पानी समितियों की बहुत बड़ी भूमिका है। इस पानी समिति का नेतृत्व महिलाओं के ही पास है। इसके अलावा भी बहनें-बेटियां, जल संरक्षण के लिए चौतरफा प्रयास कर रही हैं।

मोदी सरकार द्वारा महिलाओं की सुरक्षा, सुविधा एवं सशक्तिकरण के लिए किए गये कार्यों की सफलता ही है कि आज महिलाएं आत्मविश्वास के साथ निर्भीक होकर घर से बाहर जाकर कार्य कर रही हैं। कहा जाता है कि महिला मतदाता साइलेंट वोटर होती हैं। महिला मतदाता जिस दल को अपना समर्थन देती हैं, उसे ही बहुमत प्राप्त होता है तथा सरकार उसी दल की बनती है। विशेष बात है कि भारतीय जनता पार्टी एवं प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र  मोदी के विरुद्ध विरोधियों द्वारा दुष्प्रचार करने के पश्चात भी मुस्लिम महिलाएं इन्हें अपना भरपूर समर्थन दे रही हैं। इस बार यह देखना अत्यंत रोचक होगा कि महिलाएं उन्हें कितना समर्थन देती हैं।  
उनका कहना है कि उन्हें उन निर्णयों पर गर्व है जिन्होंने महिला सशक्तिकरण को और मजबूत किया है।  प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का कहना है कि उनका तृतीय कार्यकाल भी विकास एवं महिला सशक्तिकरण को समर्पित रहेगा।
भारत की राष्‍ट्रीयता हिंदुत्‍व है